हाईकोर्ट में भर्ती के नाम पचास करोड़ की ठगी करने वाले गिरोह का खुलासा

प्रयागराज। उच्च न्यायालय में भर्ती कराने के नाम पर पचास करोड़ से अधिक की ठगी करने वाले गिरोह का खुलासा करते हुए एसटीएफ की प्रयागराज यूनिट ने बुधवार को शिवकुटी थाना क्षेत्र से सरगना सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया है। टीम ने गिरोह के कब्जे से एक लाख तीस हजार रूपए एवं करोड़ो रूपये के चेक सहित कई दस्तावेज एवं तीन कार बरामद किया है।

एसटीएफ के पुलिस उपाधीक्षक नवेन्दु कुमार ने बताया कि पकड़े गए गिरोह के सदस्यों में मोहम्मद शमीम अहमद सिद्दीकी पुत्र मोहम्मद यासीन सिद्दीकी निवासी मोहल्ला अरईस थाना सोरांव जनपद प्रयागराज ,राघवेन्द्र सिहं पुत्र सत्यनारायण सिहं निवासी ग्राम खूखूतारा, थाना इब्राहिमपुर जिला अम्बेडकर नगर हाल पता- डब्लू-5 स्टाफ कालोनी एमएनएनआईटी थाना शिवकुटी जनपद प्रयागराज,नीरज पराशर पुत्र ब्रज किशोर शर्मा निवासी फ्लैट साई विहार अपार्टमेन्ट चर्चलेन प्रयागराज, रमेश चन्द्र यादव उर्फ गुड्डू पुत्र अमरनाथ यादव निवासी पूरे घासी थाना नवाबगंज जनपद प्रयागराज है।नवेन्दु कुमार ने बताया कि गिरोह का सरगना मोहम्म्द शमीम अहमद सिद्दीकी है।

पूरे गिरोह का संचालन बहुत ही शातिर तरीके से कर रहा था। इलाहाबाद हाईकोर्ट, पटना हाईकोर्ट में विभिन्न पदों पर आर्टिकल 229 के अन्तर्गत सीधी भर्ती कराने के नाम पर खुद को डिप्टी रजिस्ट्रार बताकर भर्ती कराने के लिए पैसा लेते थे। हाईकोर्ट में समीक्षाधिकारी, सहायक समीक्षा अधिकारी, लिपिक व चपरासी और इनकम टैक्स विभाग, सिंचाई विभाग व सेतु निगम में लिपिक व चपरासी आदि पदों पर भर्ती के लिए लगभग चौदह सौ लोगों से पचास करोड़ से अधिक की ठगी किए है।

गिरोह के कब्जे से भारी संख्ंया में अवैध दस्तावजे, करोड़ो रूपये के भरे व ब्लैंक चेक और 1,30,000 रूपए नगद व तीन कार बरामद हुई हैं। चयन घोषणा पत्र न्यायालय इलाहाबाद का 236 वर्क, सादा चयन घोषणा पत्र की मूल प्रति 76 वर्क व छायाप्रति 76 वर्क, नियुक्ति पत्र, स्टाम्प पेपर, विधिक नोटिस, विभिन्न पदों की हस्त लिखित अभ्यार्थियों के नाम की सूची, अखबार मे प्रकाशित विज्ञप्ति, बुकलेट, ओ.एम.आर.शीट, डिमाण्ड ड्राफ्ट की छाया प्रतियां, अंक पत्र, प्रमाण पत्र, सेवा गह्रण आदेश, चेक छायाप्रति, लेन देन के विवरण की डायरियों सहित कुल 287 वर्क अन्य दस्तावेज बरामद किए गये है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एस.टी.एफ अभिषेक सिहं, के निर्देश पर ऐसे गिरोह के खिलाफ सूचना संकलन के लिए अपर पुलिस अधीक्षक एसटीएफ नीरज कुमार पाण्डेय के नेतृत्व में फील्ड इकाई प्रयागराज टीम निरीक्षक केशव चन्द्र राय एंव अतुल कुमार सिहं ने मुखबिर की सूचना पर बुधवार दोपहर शिवकुटी स्थित एमएनएनआईटी कैम्पस के डब्लू-ब्लाक जाने वाले पटेल गटे के सामने से गिरोह के सदस्यों को गिरफ्तार किया गया। गिरोह के सदस्य यामहा जैसी एजेन्सी खोलने के साथ-साथ तमाम जमीन चल-अचल सम्पत्ति खरीदकर अकतू सम्पत्ति अर्जित किया हैं।

पूछताछ पर अभियुक्त मो0 शमीम सिद्दकी ने बताया कि वह इलाहाबाद हाईकोर्ट के कोआपरेटिव सोसायटी में एकाउण्टेण्ट पद पर वर्ष 1978 से तैनात था, लेकिन कोर्ट कैम्पस से बाहर वह अपना परिचय लोगो को डिप्टी रजिस्ट्रार हाईकोर्ट इलाहाबाद के रूप में देता था। इसी बात के झांसे में आकर लोग उससे जुड़ने लगे।

इस काम में उसने अपने साथ एमएनएनआईटी तेलियरगंज प्रयागराज में तैनात स्टूडेण्ट एक्टिविटी एण्ड स्र्पोटस आफिसर राघवेन्द्र सिहं , रमेशचन्द्र यादव उर्फ गुड्डू निवासी नवाबगंज, हाईकोर्ट में सी.सी.टी.वी. व इण्टरकाम टेलिफाने का काम देखने वाले नीरज पराशर उपरोक्त एवं मृत्युन्जय सिंह पुत्र राम भजू सिहं निवासी वैष्णवी अपार्टमेन्ट सिविल लाइन्स आदि को साथ लेकर तथा इन लोगो के माध्यम से देश के विभिन्न प्रान्त के लोगो को अपने साथ जोड़ते हुए हाईकोट में विभिन्न पदों- समीक्षा अधिकारी, सहायक समीक्षा अधिकारी, लिपिक, चपरासी, आदि पर साथ ही साथ सिंचाई विभाग, सेतु निगम, व आयकर विभाग में विभिन्न पदोपर भर्ती हेतु लगभग 1400 अभ्यार्थियों से 50 करोड़ से ज्यादा की धनराशि वसूला है।

यह गोरख धन्धा बीते छह वर्ष किया जा रहा था। पूछताछ में अभियुक्त राघवेन्द्र सिंह ने बताया कि वह वर्ष 1999 में असिसटेन्ट प्राक्टर के पद पर एमएनएनआईटी तेलियरगंज प्रयागराज में नियुक्त हुआ था तथा वर्ष 2009 से स्टूडेण्ट एक्टीविटी एण्ड स्पोर्टस आफिसर के पद पर कार्यरत है। वर्ष 2009 में माध्यमिक शिक्षा चयन बोर्ड का पर्चालीक कराने के मामले में थाना सिविल लाईन्स जनपद प्रयागराज से वह अपने सहयोगी समीर सिहं, अजय सिहं आदि के साथ जेल चला गया था। जेल से छूटने के बाद पुनः एमएनएनआईटी ज्वाइन कर लिया एवं अपने मित्र मृत्युन्जय सिहं के माध्यम से मो0 शमीम सिद्दीकी तथाकथित डिप्टी रजिस्ट्रार हाईकोर्ट इलाहाबाद के सम्पर्क में आया और इनके धन्धे में शामिल हो गया।

अभी तक उसके द्वारा लगभग 700 अभ्यर्थियों से अवैध वसूली कर मो. शमीम को 10 कराडे़ से ज्यादा की धनराशि दी जा चुकी है। नवेन्दु कुमार ने बताया कि वर्ष 2015 में मु.अ.सं. 452/15 धारा 406/419/420/504/506 भा0द0वि0 थाना कैण्ट जनपद अयोध्या (तत्कालीन फैजाबाद) में गिरफ्तार होकर जेल चला गया था।

जिसमें वह जमानत पर बाहर है। मुकदमा हो जाने व जेल जाने के कारण उसे एमएनएनआईटी से निलम्बित कर दिया गया है। इस सम्बन्ध में अभियुक्तों के खिलाफ शिवकुटी थाना में मुकदमा दर्ज करके विधिक कार्रवाई की जा रही है।

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